BAMS Course Details In Hindi – BAMS Course क्या है ?

नमस्कार दोस्तों , आज के लेख में बात करेंगे BAMS Course क्या है ?, BAMS Course Details In Hindi , अगर आप मेडिकल के क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं , तो आपके लिए BAMS Course के बारें में जानना बहुत आवश्यक है | डॉक्टर बनने के लिए बहुत सारे लोकप्रिय कोर्सेज मौजूद हैं , उनमें से एक है BAMS Course | आइए जानते हैं BAMS Course क्या है ?, BAMS Course Details In Hindi

BAMS Course Details In Hindi
BAMS Course क्या है? (BAMS Course Details In Hindi )

BAMS का मतलब बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी है । BAMS (Bachelor of Ayurvedic Medicine and Surgery) एक स्नातक डिग्री कोर्स है जिसे छात्रों को आयुर्वेद की अवधारणाओं से परिचित कराने और रोगियों के उपचार के लिए उनका उपयोग करना , इस कोर्स में सिखाया जाता है | BAMS आधुनिक दवाओं के विचारों के साथ आयुर्वेद को शामिल करता है, और छात्रों को पाठ्यक्रम के हिस्से के रूप में दोनों का संयोजन सिखाया जाता है। आयुर्वेद चिकित्सा सबसे पुरानी प्रणालियों में से एक है और इसकी जड़ें वैदिक काल से हैं। यह जड़ी-बूटियों के उपचारात्मक गुणों पर आधारित है, और इसके उपचार उनमें मौजूद प्राकृतिक तत्वों के लिए जाने जाते हैं। वर्तमान में, उपचार के इस वैकल्पिक तरीके को दुनिया भर के लोग स्वीकार कर रहे हैं। यहां तक ​​कि विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी आयुर्वेद जैसी पारंपरिक चिकित्सा प्रणालियों को बढ़ावा देने के लिए एक विश्वव्यापी मंच प्रदान किया है। इसलिए, बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी (BAMS ) ने एक पाठ्यक्रम के रूप में छात्रों के लिए कई आशाजनक अवसर खोले हैं |

BAMS कोर्स की योग्यता क्या है ?

  • किसी भी भारतीय कॉलेजों/विश्वविद्यालयों में BAMS कोर्स में प्रवेश के लिए , उम्मीदवारों को PCB (भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान) विषयों के साथ विज्ञान स्ट्रीम में बारहवीं कक्षा पास होना अनिवार्य है |
  • ज्यादातर मामलों में, BAMS कोर्स में प्रवेश के लिए बारहवीं कक्षा में छात्रों का न्यूनतम प्रतिशत 50% से 60% है | हालांकि, न्यूनतम प्रतिशत मानदंड कॉलेज/विश्वविद्यालय नीति के आधार पर बदलते हैं |
  • कुछ विश्वविद्यालयों में BAMS कोर्स में प्रवेश के लिए न्यूनतम आयु सीमा भी हो सकती है |

BAMS में प्रवेश प्रक्रिया कैसे होती है ?

NEET Entrance Exam के द्वारा BAMS कोर्स में एडमिशन होता है , BAMS सहित कई मेडिकल कोर्स इस Entrance Exam के द्वारा होती है | NEET परीक्षा में पास होने के बाद , BAMS उम्मीदवार अपने परिणामों के आधार पर कॉलेज का चयन करते हैं|

BAMS की सिलेबस कैसा रहता है ?

BAMS पांच साल और 6 महीने तक चलने वाला बैचलर डिग्री कोर्स है। पाठ्यक्रम की अवधि में 4.5 वर्ष के शैक्षणिक सत्र और एक वर्ष की इंटर्नशिप शामिल है। 4.5 साल के शैक्षिक सत्र को 1.5 साल के तीन professional पाठ्यक्रमों में विभाजित किया गया है। पहले professional पाठ्यक्रम में, छात्रों को निम्नलिखित विषयों के बारे में पढ़ाया जाता है:

  • History of the Ayurvedic system
  • Basic principles of Ayurveda
  • Anatomy
  • Physiolog

दूसरे professional पाठ्यक्रम में, छात्रों को विषयों के बारे में पढ़ाया जाता है जैसे:

  • Toxicology
  • Pharmacology
  • Ayurvedic Pharmaceutical Science

तीसरे और अंतिम professional पाठ्यक्रम में, छात्रों को आधुनिक चिकित्सा विषयों के बारे में पढ़ाया जाता है जैसे:

  • Modern anatomy
  • Principle of surgery
  • ENT
  • Skin
  • Obstetrics
  • Gynaecology
  • Paediatrics
  • Internal Medicine

BAMS कोर्स की फीस कितनी होती है ?

BAMS कोर्स इस बात पर निर्भर करती है की आप किस तरह के कॉलेज में जाना चाहते हैं , BAMS कोर्स सरकारी कॉलेज और निजी कॉलेज में अलग – अलग होती है | अगर हम औसत फीस की बात करें तो BAMS कोर्स की औसत फीस 5,00,000 से 6,00,00 रूपये होती है | जैसे की हमने आपको बताया फीस कॉलेज पर निर्भर करता है , इसीलिए आप जिस भी कॉलेज में प्रवेश लेना चाहते हैं , वहाँ पर फीस से जुड़े जानकारी जरुर प्राप्त करें |

BAMS के बाद किन -किन पदों में नौकरी लगती है ?

पहले के समय में , BAMS कोर्स के बाद आयुर्वेद डॉक्टरों के लिए प्रमुख रूप से दो विकल्प उपलब्ध थे – उच्च अध्ययन या क्लिनिक खोलकर व्यक्तिगत अभ्यास | हालाँकि, इन दिनों सार्वजनिक और निजी दोनों क्षेत्रों में BAMS स्नातकों के लिए नौकरी के ढेर सारे अवसर उपलब्ध हैं | कुछ इंडस्ट्रीज हैं जिनमें BAMS छात्र पास करने के बाद अपना करियर बनाने की उम्मीद कर सकते हैं, वे हैं:

  1. Healthcare industry
  2. Pharmaceutical industry
  3. Education industry
  4. Nursing industry
  5. Life Science industry
  6. Medical Tourism industry
  7. Hotel industry

नीचें हम आपको कुछ पदों का नाम दे रहे हैं , जो BAMS करने के बाद इन पदों में नौकरी कर सकते हैं :

1.Physician : छात्रों को अपना clinical practice शुरू करने से पहले, प्रासंगिक अनुभव प्राप्त करने के लिए हमेशा कुछ वरिष्ठ चिकित्सकों के अधीन काम करने की सलाह दी जाती है। एक चिकित्सक के अधीन नियमित प्रैक्टिस के साथ, छात्र पूर्ण ज्ञान प्राप्त करने के बाद विशेष अभ्यास (जैसे रीढ़ की हड्डी के विकारों, त्वचा रोगों आदि के लिए उपचार) का विकल्प चुन सकते हैं |

2. Teacher : यदि कोई छात्र शिक्षण में अपना करियर बनाना चाहता है, तो post-graduation पूरा करना आवश्यक हो जाता है। post-graduation के लिए, छात्र अपनी पसंद के किसी भी विषय में एमडी या post-graduation डिप्लोमा करने का विकल्प चुन सकते हैं। एक बार छात्रों के पास post-graduation की डिग्री होने के बाद, वे lecturer के रूप में किसी भी सरकारी या निजी कॉलेज में शामिल हो सकते हैं।

3. Manager : जो छात्र Manager बनना चाहते हैं, वे मास्टर्स इन पब्लिक हेल्थ (MPH), मास्टर्स इन हेल्थ एडमिनिस्ट्रेशन (MHA), और एमबीए इन हॉस्पिटल एंड हेल्थकेयर मैनेजमेंट जैसे कोर्स कर सकते हैं। इस तरह के कोर्सेज की बहुत मांग में हैं और छात्रों के लिए रोजगार के आशाजनक अवसर प्रदान करते हैं |

4. Clinical Research Associate : इन दिनों कई विश्वविद्यालयों में क्लिनिकल रिसर्च में अलग-अलग पोस्टग्रेजुएट कोर्स हैं। छात्र अन्य फार्मास्युटिकल कंपनियों की अनुसंधान इकाइयों में क्लिनिकल रिसर्च एसोसिएट के रूप में नौकरी पाने के लिए ऐसे पाठ्यक्रमों का अनुसरण कर सकते हैं।

5. Drug Manufacturer : आयुर्वेद दवाओं और संबंधित उत्पादों जैसे सौंदर्य प्रसाधनों का निर्माण इन दिनों एक फलता-फूलता व्यवसाय है। इस क्षेत्र में करियर बनाने के लिए छात्र BAMS कोर्स पूरा करने के बाद फार्मास्युटिकल मेडिसिन में एमएससी और हर्बल मेडिसिनल मैन्युफैक्चरिंग में डिप्लोमा जैसे कोर्स कर सकते हैं।

6. Health Supervisor/ Therapist और Medical Supervisor आदि |

अगर आप BAMS कोर्स करने के बाद निजी कम्पनी में जॉब करना चाहते हैं तो आप वो भी कर सकते हैं , नीचे हम आपको निजी क्षेत्र के कुछ मुख्य कंपनी के नाम दे रहे हैं जहाँ पर BAMS करने के बाद जॉब कर सकते हैं :

  • Patanjali Ayurved Limited
  • Dabur
  • The Himalaya Drug Company
  • Zandu Pharmaceuticals Works Limited
  • Surya Herbal Limited
  • Vicco Laboratories
  • Charak Pharma Private Limited
  • Emami Limited
  • Hamdard Laboratories
  • Baidyanath

BAMS करने के बाद वेतन कितनी मिलती है ?

  • BAMS स्नातक प्रति वर्ष INR 4,00,000 और INR 12.00,000 के बीच कमाते हैं |
  • BAMS स्नातकों को सरकारी संगठनों में अच्छी तरह से वेतन दिया जाता है, जबकि निजी क्षेत्र में, BAMS स्नातकों का काम के आधार पर वेतन मिलता है , अगर हम एवरेज वेतन की बात करें तो INR 4,00,000 से INR 8,00,000 तक होती है |
ये भी पढ़ें : 

टीवी सीरियल एक्टर कैसे बने 

आज तक न्यूज़ चैनल में जॉब कैसे करे ?

FAQ :

1. क्या BAMS एक डॉक्टर है?

उत्तर : BAMS (बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी) की डिग्री रखने वाला उम्मीदवार डॉक्टर के रूप में बुलाए जाने और निजी प्रैक्टिस करने के योग्य है। BAMS स्नातकों के लिए शिक्षण क्षेत्र भी खुला है। वे निजी और सरकारी आयुर्वेद संस्थानों में रोजगार पा सकते हैं।

2. क्या NEET के बिना BAMS संभव है?

उत्तर : जी हां आप सीधे BAMS कोर्स में एडमिशन ले सकते हैं। कर्नाटक और पंजाब राज्य अब तक बिना NEET परीक्षा के BAMS में प्रवेश लेते हैं।

3. क्या BAMS की पढ़ाई मुश्किल है?

उत्तर : अगर आप पूरी निरंतरता, विश्वास और स्वीकृति के साथ अध्ययन करते हैं तो BAMS में कुछ भी कठिन नहीं है।

FINAL ANALYSIS :

आज के लेख में हमने जाना की BAMS Course क्या है ?, BAMS Course Details In Hindi , मुझे उम्मीद है की आपको यह लेख पसंद आया होगा , इस लेख को लिखने के लिए हमने बहुत सारे जानकारीयाँ इकट्ठा किये और आपको विस्तार पूर्वक बताएं | इस लेख को पढ़ने के लिए आपका बहुत बहुत धन्यवाद |

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here